नारनौल।गांव मंढाणा में सरपंच मुकेश की अध्यक्षता में लिंगानुपात सुधारने और भ्रूण हत्या जैसी सामाजिक बुराई को खत्म करने को लेकर जागरूकता बैठक आयोजित की गई। बैठक में सरपंच, पंच, ग्राम के नंबरदार, गर्भवती महिलाएं, योग्य दंपती तथा स्वास्थ्य विभाग से जुड़े कर्मचारी मौजूद रहे।
बैठक में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मंढाणा के चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल कुमार, एमपीएचडब्ल्यू सुरेंद्र सिंह, सूचना सहायक सुरेंद्र कुमार, महिला एमपीएचडब्ल्यू मोनिका, आशा वर्कर तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने ग्रामीणों को गिरते लिंगानुपात के प्रति जागरूक किया।

स्वास्थ्य विभाग की ओर से बताया गया कि बेटियां आज शिक्षा, खेल, प्रशासन, विज्ञान और हर क्षेत्र में बेटों के साथ कदम से कदम मिलाकर आगे बढ़ रही है। इसलिए समाज में बेटा-बेटी के बीच किसी भी प्रकार का भेदभाव नहीं होना चाहिए। भ्रूण हत्या जैसी कुरीति को जागरूकता और सामूहिक प्रयासों से ही समाप्त किया जा सकता है।
कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों को बेटे और बेटी में अंतर नहीं करने, लिंग परीक्षण नहीं करवाने तथा भ्रूण हत्या का विरोध करने की शपथ दिलाई गई। उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि वे अपने गांव में बेटियों के सम्मान और समान अधिकार के लिए जागरूकता फैलाएंगे।
बैठक में यह भी बताया गया कि यदि कोई व्यक्ति अवैध रूप से लिंग जांच करवाता या करवाते हुए पाया जाता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जा सकती है। ग्रामीणों ने प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के इस जागरूकता प्रयास की सराहना करते हुए कहा कि बेटियों को समान अवसर देना ही स्वस्थ और मजबूत समाज की पहचान है।
कार्यक्रम का संदेश रहा कि “बेटी बोझ नहीं, समाज की शक्ति है। बेटी को बचाएं, पढ़ाएं और आगे बढ़ाएं।”
