कोटपूतली।निकटवर्ती ग्राम मोहनपुरा स्थित अल्ट्राटेक सीमेंट कंपनी द्वारा सुरक्षा गार्डों का ड्यूटी समय 08 घंटे से बढ़ाकर 12 घंटे किये जाने के विरोध में सुरक्षा गार्डो द्वारा कम्पनी के गेट नं. 02 पर अनिष्चितकालीन धरना प्रदर्षन किया जा रहा हैं। सुरक्षा गार्डो ने बताया कि कंपनी प्रबंधन द्वारा बिना किसी पूर्व सूचना और हमारी सहमति के ड्यूटी समय 08 घंटे से बढ़ाकर 12 घंटे कर दिया है। भारतीय श्रम कानून के अनुसार सामान्य कार्य अवधि 08 घंटे निर्धारित है, जबरन 12 घंटे काम कराना नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है। लगातार 12 घंटे की कड़ी ड्यूटी करने से हमारे स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है और अत्यधिक शारीरिक व मानसिक तनाव से गुजर रहे हैं।

इससे हमारे सामाजिक और पारिवारिक जीवन पर भी बुरा असर पड़ रहा है। कार्य के घंटे बढ़ाने के बावजूद वेतन में उस अनुपात में कोई संतोषजनक वृद्धि नहीं की गई है, जो कि सरासर अन्याय है। सुरक्षा गार्ड कार्य समय को पुनः 08 घंटे किये जाने, यदि विशेष परिस्थितियों में अतिरिक्त कार्य (ओवरटाईम) लिया जाता है, तो उसका भुगतान नियमानुसार दोगुना दिया जाने, कंपनी परिसर में श्रम विभाग के नियमों की कड़ाई से पालना करवाने, पीने के पानी एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं की तुरंत व्यवस्था किये जाने की मांग को लेकर धरना दे रहे हैं। रविवार को पूर्व संसदीय सचिव रामस्वरूप कसाना व कांग्रेस एससी विभाग जिलाध्यक्ष तारा पूतली ने धरना स्थल पर पहुंचकर धरणार्थियों का समर्थन किया। इस मौके पर कसाना ने कहा कि कंपनी प्रशासन अपनी हठधर्मिता पर अड़ा हुआ है और सुरक्षा गार्डो की जायज मांगों को अनदेखा किया जा रहा हैं। वहीं तारा पूतली ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी कि जब तक सुरक्षा गार्डों को उनका अधिकार और सम्मान नहीं मिलता, तब तक यह संघर्ष लगातार जारी रहेगा।

कसाना व तारा पूतली ने कहा कि सुरक्षा गार्ड लगातार 12 घंटे ड्यूटी करने को मजबूर हैं। ना पीने के पानी की उचित व्यवस्था, ना आराम की सुविधा, ऊपर से लगातार घंटों खड़े रहकर सतर्क ड्यूटी करने से सुरक्षा गार्डो का स्वास्थ्य बुरी तरह प्रभावित हो रहा है और मानसिक तनाव भी लगातार बढ़ रहा है। जो गार्ड दिन-रात कंपनी की सुरक्षा में खड़े हैं, आज वहीं अपने अधिकारों और सम्मान के लिये लड़ने को मजबूर हैं। यदि जल्द मांगों पर सुनवाई नहीं हुई तो सभी गार्ड एकजुट होकर कम्पनी के सामने उग्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे, जिसकी जिम्मेदारी कंपनी प्रशासन की होगी। उन्होंने कहा कि सुरक्षा गार्ड अब शोषण नहीं सहेंगे अपने हक और सम्मान की लड़ाई मजबूती से लड़ेंगे।
